युवा हमारे  RAHUL Chaudhary

युवा हमारे

RAHUL Chaudhary

कलरव तन मन में प्रभा का,
ओज लालिमा सूरज की भरकर,
नई सुबह नव विहान के पथ पर,
किरण सुनहरा नभ में फैला,
देखो हरियाली में उजियाली से
छट गया अंधेरे का मैला।
पथिक दौड़ को पंख पसार कर,
अवधि का अनुयायी ये तो,
सदैव आसमां छूने को तत्पर।
 

भोर होड़ में दिन सा है,
पलकों पर प्रहर का न फिक्र तनिक है,
रात की किरणों से धूप सेक कर,
अंधेरों में तपता जगता थकता,
लक्ष्य साधकर मंज़िल का,
आगे बढ़ता एकाकी डटकर।
माथे की बूंदे कंधे पर,
टपक-लपक के आते कर पर,
थक कर ठंडी राहत देते,
छोड़ रास्ता पावों में पड़कर।
 

निस दिन कंधे पर भारी भरकम,
प्रण जन हित कल्याण का धारे,
तत्पर हर पल सेवा में हरदम,
युवा हमारे पंख पसारे।

अपने विचार साझा करें




0
ने पसंद किया
848
बार देखा गया

पसंद करें


  परिचय

"मातृभाषा", हिंदी भाषा एवं हिंदी साहित्य के प्रचार प्रसार का एक लघु प्रयास है। "फॉर टुमारो ग्रुप ऑफ़ एजुकेशन एंड ट्रेनिंग" द्वारा पोषित "मातृभाषा" वेबसाइट एक अव्यवसायिक वेबसाइट है। "मातृभाषा" प्रतिभासम्पन्न बाल साहित्यकारों के लिए एक खुला मंच है जहां वो अपनी साहित्यिक प्रतिभा को सुलभता से मुखर कर सकते हैं।

  Contact Us
  Registered Office

47/202 Ballupur Chowk, GMS Road
Dehradun Uttarakhand, India - 248001.

Tel : + (91) - 7534072808
Mail : info@maatribhasha.com